9 [b]“तब जल्दी मोरो बाप को जवर जाय क कहो, ‘तोरो बेटा यूसुफ यो कह्य हय कि परमेश्वर न मोख पूरो मिस्र को स्वामी ठहरायो हय; येकोलायी तय मोरो जवर बिना रुक्यो चल्यो आव। 10 तोरो निवास गोशेन देश म होयेंन, अऊर तय अपनो बेटा, नाती, शेरी मेंढी, गाय बईल, अऊर अपनो सब कुछ धर क मोरो जवर रह्यजो। 11 अऊर अकाल को जो पाच साल अऊर होयेंन, उन्म मय उतच तोरो पालन पोषन करूं; असो नहीं होय कि तय अऊर तोरो घराना, बल्की जितनो तोरो जनावर हंय, हि भूखो मरे।’ ”
12 अऊर तुम अपनी आंखी सी देखय हय, “अऊर मोरो भाऊ बिन्यामीन भी अपनी आंखी सी देखय हय कि जो हम सी बाते कर रह्यो हय ऊ यूसुफ आय। 13 तुम मोरो सब वैभव को, जो मिस्र म हय अऊर जो कुछ तुम न देख्यो हय, ऊ बात को मोरो बाप सी वर्नन करजो; अऊर तुरतच मोरो बाप ख इत ले आजो।”
14 तब ऊ अपनो भाऊ बिन्यामीन को गरो सी लिपट क रोयो; अऊर बिन्यामीन भी ओको गरो सी लिपट क रोयो। 15 ऊ अपनो सब भाऊवों ख चुम्मा ले क रोयो, अऊर येको बाद ओको भाऊ ओको सी बाते करन लग्यो।
16 यो बात को समाचार, कि यूसुफ को भाऊ आयो हंय, फिरौन को भवन तक पहुंच गयो, अऊर येको सी फिरौन अऊर ओको कर्मचारी प्रसन्न भयो। 17 येकोलायी फिरौन न यूसुफ सी कह्यो, “अपनो भाऊवों सी कह्य कि एक काम करो : अपनो जनावरों पर अनाज रख क कनान देश म चली जावो। 18 अऊर अपनो बाप अऊर अपनो अपनो घर को लोगों ख ले क मोरो जवर आवो; अऊर मिस्र देश म जो कुछ अच्छो सो अच्छो हय ऊ मय तुम्ख देऊं, अऊर तुम्ख देश को अच्छो सी अच्छो चिज खान ख मिलेंन। 19 अऊर तोख आज्ञा मिली हय, ‘तुम एक काम करो कि मिस्र देश सी अपनो बाल बच्चां अऊर बाईयों लायी गाड़ियां ले जावो, अऊर अपनो बाप ख ले आवो। 20 अऊर अपनो सामान की चिन्ता नहीं करे कहालीकि पूरो मिस्र देश म जो कुछ अच्छो सी अच्छो हय ऊ तुम्हरो हय’।”
21 याकूब को टुरावों न वसोच करयो; अऊर यूसुफ न फिरौन की आज्ञा को अनुसार उन्ख गाड़ियां दी, अऊर रस्ता लायी जेवन को सामान भी दियो। 22 उन्म सी एक एक जन ख ओन एक एक जोड़ा कपड़ा भी दियो; अऊर बिन्यामीन ख तीन सौ चांदी को सिक्का को संग पाच जोड़ी कपड़ा भी दियो। 23 अपनो बाप को जवर ओन जो भेज्यो ऊ यो आय, मिस्र की अच्छी चिजों सी भरयो हुयो दस गधा, अऊर अनाज रोटी अऊर ओको बाप की रस्ता लायी जेवन की चिज सी भरी हुयी दस गधी। 24 तब ओन अपनो भाऊवों ख बिदा करयो, अऊर हि चली गयो; अऊर ओन उन्को सी कह्यो, “रस्ता म कही झगड़ा मत करो।”
25 मिस्र सी आय क हि कनान देश म अपनो बाप याकूब को जवर पहुंच्यो। 26 अऊर ओको सी यो कह्यो, “यूसुफ अब तक जीन्दो हय, अऊर पूरो मिस्र देश पर शासन उच करय हय।” पर ओन उन्की बातों पर विश्वास नहीं करयो अऊर दंग भय गयो।
27 तब उन्न अपनो बाप याकूब सी यूसुफ की पूरी बाते, जो ओन उन्को सी कही होती उन्न ओको सी कह्य दी। जब ओन उन गाड़ियों ख देख्यो, जो यूसुफ न ओख लेन लायी भेजी होती, तब ओको जीव म जीव आयो। 28 अऊर याकूब न कह्यो, “बस, मोरो बेटा यूसुफ अभी तक जीन्दो हय; मय अपनो जीव निकलन को पहिले जाय क ओख देखूं।”
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